Fri, 03 Jul 2026
Breaking News
पैगंबर साहब पर टिप्पणी का विरोध : मुस्लिम समाज ने राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन | बड़ौद चौराहे पर विद्युत पोल में उतरा करंट : एक्सप्रेस समाचार की सूचना पर तुरंत पहुंचा विद्युत अमला | "नया नाला, पुरानी मुसीबत! : पहली बारिश में डूबा नेशनल हाइवे 552 G | बारिश बनी आफत : आगर मालवा का सबसे व्यस्त चौराहा हर बरसात में बनता है तालाब, जिम्मेदार बेपरवाह | आगर मालवा : दस दिवसीय मोहर्रम पर्व का ताजियों के विसर्जन के साथ हुआ समापन | उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा आज आगर-मालवा आएंगे : स्थानीय कार्यक्रम में होंगे शामिल | SAFE CLICK-2026 साइबर जागरूकता अभियान का शुभारंभ : साइबर जागरूकता रथ को दिखाई हरी झंडी | सीएम हेल्पलाइन में लापरवाही पर कलेक्टर का सख्त एक्शन : अधिकारियों को दी अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी | वेयरहाउस में गेहूं की बोरियों के बीच मिला अज्ञात शव : इलाके में फैली सनसनी, पुलिस जांच में जुटी | जिला अस्पताल में मरीजों और परिजनों की बढ़ रही परेशानी : जांच और रिपोर्ट के लिए एक ही खिड़की पर उमड़ रही भीड़ | पैगंबर साहब पर टिप्पणी का विरोध : मुस्लिम समाज ने राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन | बड़ौद चौराहे पर विद्युत पोल में उतरा करंट : एक्सप्रेस समाचार की सूचना पर तुरंत पहुंचा विद्युत अमला | "नया नाला, पुरानी मुसीबत! : पहली बारिश में डूबा नेशनल हाइवे 552 G | बारिश बनी आफत : आगर मालवा का सबसे व्यस्त चौराहा हर बरसात में बनता है तालाब, जिम्मेदार बेपरवाह | आगर मालवा : दस दिवसीय मोहर्रम पर्व का ताजियों के विसर्जन के साथ हुआ समापन | उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा आज आगर-मालवा आएंगे : स्थानीय कार्यक्रम में होंगे शामिल | SAFE CLICK-2026 साइबर जागरूकता अभियान का शुभारंभ : साइबर जागरूकता रथ को दिखाई हरी झंडी | सीएम हेल्पलाइन में लापरवाही पर कलेक्टर का सख्त एक्शन : अधिकारियों को दी अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी | वेयरहाउस में गेहूं की बोरियों के बीच मिला अज्ञात शव : इलाके में फैली सनसनी, पुलिस जांच में जुटी | जिला अस्पताल में मरीजों और परिजनों की बढ़ रही परेशानी : जांच और रिपोर्ट के लिए एक ही खिड़की पर उमड़ रही भीड़ | पैगंबर साहब पर टिप्पणी का विरोध : मुस्लिम समाज ने राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन | बड़ौद चौराहे पर विद्युत पोल में उतरा करंट : एक्सप्रेस समाचार की सूचना पर तुरंत पहुंचा विद्युत अमला | "नया नाला, पुरानी मुसीबत! : पहली बारिश में डूबा नेशनल हाइवे 552 G | बारिश बनी आफत : आगर मालवा का सबसे व्यस्त चौराहा हर बरसात में बनता है तालाब, जिम्मेदार बेपरवाह | आगर मालवा : दस दिवसीय मोहर्रम पर्व का ताजियों के विसर्जन के साथ हुआ समापन | उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा आज आगर-मालवा आएंगे : स्थानीय कार्यक्रम में होंगे शामिल | SAFE CLICK-2026 साइबर जागरूकता अभियान का शुभारंभ : साइबर जागरूकता रथ को दिखाई हरी झंडी | सीएम हेल्पलाइन में लापरवाही पर कलेक्टर का सख्त एक्शन : अधिकारियों को दी अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी | वेयरहाउस में गेहूं की बोरियों के बीच मिला अज्ञात शव : इलाके में फैली सनसनी, पुलिस जांच में जुटी | जिला अस्पताल में मरीजों और परिजनों की बढ़ रही परेशानी : जांच और रिपोर्ट के लिए एक ही खिड़की पर उमड़ रही भीड़ |

: जनसुनवाई बनी औपचारिकता, ग्रामीण ने दिया जन सुनवाई बंद करने का आवेदन

Arif Khan / Tue, Jan 20, 2026 / Post views : 227

Share:
आरिफ खान, आगर मालवा। जिले में प्रति मंगलवार आयोजित होने वाली जनसुनवाई को बंद किए जाने की मांग को लेकर ग्राम बापचा निवासी प्रेम नारायण यादव ने आवेदन सौंपा है। आवेदक का कहना है कि जनसुनवाई में आम जनता की समस्याओं का समय पर निराकरण नहीं हो पा रहा है, जिससे लोगों को अनावश्यक परेशानी उठानी पड़ रही है। आवेदन में उल्लेख किया गया है कि जनसुनवाई में अधिकांशतः मध्यम वर्ग और गरीब लोग अपनी शिकायतें लेकर आते हैं, लेकिन अधिकारियों या जिम्मेदार जनप्रतिनिधियों की अनुपस्थिति के कारण उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हो पाता। किसान और ग्रामीण अपनी रोज़मर्रा की मजदूरी छोड़कर तथा किराया खर्च कर जनसुनवाई में पहुंचते हैं, लेकिन जब उन्हें न्याय नहीं मिलता तो उन्हें मानसिक और आर्थिक नुकसान झेलना पड़ता है। [caption id="attachment_5091" align="aligncenter" width="578"] ग्रामीण द्वारा दिया आवेदक[/caption] प्रेम नारायण यादव ने कहा कि जिला स्तर पर आवेदन देने के बाद भी कई मामलों में कोई कार्रवाई नहीं होती। जनसुनवाई केवल औपचारिकता बनकर रह गई है, जबकि यदि अधिकारी अपने कार्यालयों में नियमित रूप से कार्य करें तो जनसुनवाई की आवश्यकता ही नहीं पड़े। आवेदक ने कलेक्टर से निवेदन किया है कि पूर्व में हुई जनसुनवाइयों के आवेदनों की समीक्षा कर यह देखा जाए कि कितने मामलों का वास्तव में निराकरण हुआ है। साथ ही जनहित को ध्यान में रखते हुए जनसुनवाई की व्यवस्था को बंद करने पर विचार किया जाए। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस मांग पर क्या रुख अपनाता है और जनसुनवाई व्यवस्था में कोई बदलाव किया जाता है या नही।

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें